Shyam Das

  • 🌹 गजल 🌹

    पाण्डव सा धैर्य धर्म मे संवरिए
    कौरव सा न अधम॔ मे संघरिए
    सांसारिक खुशी चाह के लिखे
    बेईमानी का न दामन धरिए
    सत्य सच्चाई संसार का है सुख
    निज को पहचान खुद निखरिए
    स्वयं की मेहनत मे है भविष्य
    कम॔ […]

  • क्षणिका 🌹:–

    जब गम सताता है,
    गाने मैं गुनगुनाता हूं ।
    जब ददं रुलाता है,
    तराने मैं सजाता हूँ ।।
    (1)
    जब रंज बढ आता है,
    रंगीला मन मै हो जाता हूं ।
    जब जख्म गहराता है,
    मस्ती मगन मै बो जाता हूँ।।
    (2)
    देत […]

  • अटल अविचल धर पग बढ़ नारी
    जीवन मे नव इतिहास गढ़ नारी
    नारी है तू यह सोच न कमतर
    कम॔ कर तू अभिनव हटकर
    तुझसे बंधा है सुख परिवार का
    सव॔ सुख दे सदा तू श्रेयस्कर
    आत्मबल से लक्ष्य पकड़ नारी
    अटल अविचल धर पग बढ नारी […]

  • –:🌹गीत 🌹:-

    सावन का मुग्ध फुहार तू है ।
    बूंदो की रमणीक धार तू है ।।
    कोमल वाणी मे खिली,
    आह! लचक सुरीली ।
    खनकती बोली मे ढली,
    ओह!आवाज सजीली
    सावन झड़ी मस्त बहार तू है ।
    सावन का […]

  • –:🌹गीत 🌹:-

    सावन का मुग्ध फुहार तू है ।
    बूंदो की रमणीक धार तू है ।।
    कोमल वाणी मे खिली,
    आह! लचक सुरीली ।
    खनकती बोली मे ढली,
    ओह!आवाज सजीली
    सावन झड़ी मस्त बहार तू है ।
    सावन का […]