Shyam Das

  • ✍🌹(गीताज) 🌹✍
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    विषाक्त है आज परिवेश देख।
    आक्रोश मे सुप्त आवेश देख।।
    कण कण मे है गुस्सा
    आलम मे नव क्रोध है
    धरती कुम्हला रही
    क्षण मे चढा अवरोध है
    पल बना है द्रोही खाके ठेस देख।
    विषाक्त ह […]

  • ✍🌹(गीताज ) 🌹✍
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    विष मय है आज देख परिवेश।
    आक्रोश मे घुला है सुप्त आवेश।।
    कण कण मे गुस्सा
    आलम मे नव क्रोध
    धरती है कुम्हलाई
    पल बना है अबोध
    क्षण बना है विद्रोही खाके ठेस ।
    आक्रोश मे घुला […]

  • ✍🌹 ( अंदाज ) 🌹✍
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    न हताश रख न उदास रख
    जिंदगी मे बस तू आस रख

    प्रतिकूलता से न तू डर कभी
    हौसला जीवन मे खास रख

    असफता पल है निखार का
    निज पे हिम्मत विश्वास रख

    संघर्ष के बिना जीवन है अधूरा […]

  • ✍🌹(अंदाज)🌹✍
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    जिंदगी मे व्यवहार जिंदा रखिए
    जिंदगी मे सुसंस्कार जिंदा रखिए

    रूठना मनाना क्रम है जीवन का
    रूठकर भी नेह धार जिंदा रखिए

    सच्चे प्रेम की परिभाषा यही है
    नेह का श्रद्धा […]

  • ✍🌹(अंदाज) 🌹✍
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    विकराल बन तू महाकाल बन
    मिसाल बन तू बेमिसाल बन

    अनंत अकूत अद्भुत साहस धर
    प्रचंड प्रबल प्रतिरुप विशाल बन

    बुराईया मिटा हटा कुरूप रीतियां
    संरक्षक सुसंस्कृती का ढाल ब […]

  • ✍🌹(अंदाज) 🌹
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    दुःख मे भी मुस्कुराना सीखिए
    गम मे भी खिलखिलाना सीखिए

    उलझने आये चाहे जितने भी
    रंज मे भी मचल जाना सीखिए

    संताप है सब प्रारब्ध कर्मो का
    यह समझ सब्र लाना सीखिए

    लक्ष्य चुन […]

  • ✍🌹(अंदाज ) 🌹✍
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    हौसला बुलंद रखो धीर मन मे
    आयेगी बहार जरूर चमन मे

    नैराश्य को सदा ध्वस्त करो
    मेहनत संवारो हमेशा तन मे

    सर्वोच्चता सिध्द सव॔ श्रेष्ठ करो
    उत्साह रखो पल-पल यौवन मे

    सत्य धर्म […]

  • ✍🌹 (अंदाज ) 🌹✍
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    विद्रूपता का सव॔ विनाश करो
    कण -कण मे दृढ विश्वास भरो

    शौर्यशिलता का प्रतीक तुम
    बुद्धि मे विवेक गुण खास धरो

    चिंतन करो स्वास्थ्य मंथन करो
    सुख […]

  • ✍🌹 (अंदाज )🌹✍

    नव पल परिवेश का अहवान हो
    अंतर्मन मे नैतिक उत्थान हो

    जीवन है जग मे एक भीषण युद्ध
    विजय भाव का मन मे उफान हो

    निज लक्ष्य मिले हो सबका भला
    स्वभाव मे ये गुण सव॔ पहचान हो

    आगाज हो रणकुशलता […]

  • ✍🌹 (अंदाज ) 🌹✍
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    बिषमताओ से टकराना जरूरी है
    संघर्ष के जल से नहाना जरूरी है

    जीवन है गतिमान लय का रूप
    जिंदगी मे संवर जाना जरूरी है

    प्रतिकूलता है वक्त का इम्तहान
    समय मे निखर जा […]

  • ✍🌹अंदाज 🌹✍
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    आलस्य न प्रमाद धर
    तनाव न अवसाद धर

    ऊमंग रख नस-नस मे
    उत्साह का स्वाद रख

    तरुणाई की बेला है
    जीत भाव आगाध रख

    संघर्ष से घबरा नही
    तरंगित शंखनाद रख

    जीवन की परिभाषा गढ
    सका […]

  • ✍🌹 अर्जुन 🌹✍

    अ– अन्याय /अनैतिकता विरोधी
    न्याय नैतिकता संपोषक ।।
    र– रक्षक मानवीय संवेदना
    सव॔धर्म समभाव संरक्षक ।।
    जु — जुझारू कम॔शील न्यायिक
    मानवता समरसता घोषक।।
    न– नमनीय जीवन चरित्र बन […]

  • ✍ 🌹 गजल 🌹✍
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    रक्त से सनी धरती लाल देख
    चहुंओर हाहाकार हाल देख

    समरसता जल रही धूं धूं कर
    सद्भावना है बदहाल देख

    हिंसा आतंक का है जोर प्रबल
    छल-कपट का रुप विकराल देख

    भयाक्रांत भय […]

  • ✍🌹 गजल 🌹✍


    तू ही हैअर्जुन आवाज सुन
    परिवेश का दर्दे साज सुन

    छटपटा रही धरती देख तू
    माहौल का क्रंदन आज सुन

    तेरे शौर्य मे बंधा है वर्तमान
    नव नीति का रम्य नाज सुन

    हिंसा भय दहशत का है आलम
    पीड़ित मान […]

  • ✍🌹 गजल 🌹✍
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    जग मे कुछ कर जाना जरूरी है
    जीवन मे मुस्कुराना जरूरी है

    चाहे हो कष्ट संकट गहनतम
    धैर्य से निकल जाना जरूरी है

    जग का काम है करना अवरोध
    बुद्धि से पार पा जाना जरूरी है

    हर नेक क […]

  • ✍🌹 गजल 🌹✍
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    आओ धरती पे चरण रखो पाथ॔
    संत साधुओ को तारो निस्वार्थ

    बिलखता पल विषाक्त क्षण मे
    विषैले हवाओ को टारो साक्षाथ॔

    छल-बलयुक्त विकृत इस दौर मे
    दिखाओ अपना सच्चा पुरुषार्थ

    ह […]

  • ✍🌹गीत 🌹✍

    प्रणय निवेदन मेरे तू ही प्रीत है।
    तू ही आरजू है तू ही मीत है।।
    रस्मे वफा की कसम
    तेरी याद है इस दिल मे
    सिवा नही कोई मेरे
    चाहत-ए-महफिल मे मेरे ख्वाहिश है तू तू ही गीत है । प्रणय निवेदन मेरे त […]

  • ✍🌹 गजल 🌹✍
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    सत्य असत्य मे क्या सच्चाई है
    ईमान बेईमान के बीच लड़ाई है

    इंसान का इंसान मे नही विश्वास
    मानव का मानव के बीच खाई है

    परिवेश मे घुला है जहर ही जहर
    वर्तमान के देह मे पीड़ा समाई है […]

  • ✍🌹 गजल 🌹✍
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    मेरी जिंदगी का निखार तू है
    मेरी मुस्कान का प्रसार तू है
    तेरी चाहत का मै हूं दिवाना
    मेरी मुहब्बत का आधार तू है
    मेरी कल्पना तमन्ना मेरी तू
    मेरी तबस्सुम का संसार तू है
    मेरी […]

  • 💐 गजल 💐


    तेरी नयन मदभरी गजब
    तेरी अदाएं रसभरी गजब
    मुस्कानो की पहचान नई
    तेरी सदाएं खरी-खरी गजब
    अंगड़ाई मे खिली मोहकता
    तेरी जुबां मे प्रीत भरी गजब
    चाहत मे ढला ईशक नवल है
    तेरी नैनो नजर सरसरी गजब […]

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