अपने नजरों की मेहर बरसा

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5 Comments

  1. Neelam Tyagi - September 13, 2016, 1:51 am

    अब इश्क की दुनिया में आने से डरते है
    नजरों को बेवजह मिलाने से डरते है
    कही टूट न जाये फिर से कहीं
    दिलों के फिर से टकराने से डरते है

  2. Panna - September 13, 2016, 1:55 am

    so nice

  3. Vickey - September 13, 2016, 2:15 am

    Nice rply #neelam

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