Sukhbir Singh, Author at Saavan's Posts

वजूद

आंखों की यह पलकें झपका के तो दिखा सच बताऊ यह भी ना कर पाएगा। उस परमात्मा के कारण ही तेरा वजूद है उसके बिना, मिट्टी में मिल जाएगा। यह पैसा, यह शरीर सब नाशवान हैं कुछ भी साथ ना जाएगा। मरने के बाद भी, कुछ लोगो की जरूरत होगी नहीं तो “सुखबीर” शमशान कैसे जाएगा।   »

ख्वाब

कुछ ख्वाब जिन्दगी में हमेशा अधूरे रह जाते हैं। अरे दूसरों को क्या समझाऊ मैं, अपने ही समझ नहीं पाते हैं। अरे हमसे भी तो पूछ कर देखो, हम क्या चाहते हैं। “सुखबीर” जो अपने विचार प्रगट नहीं करते, वह जीते ही, मर जाते हैं। »

सपने

सपने देखा करो ओह यारों सपने साकार भी होते हैं। आज हम जिस मंजिल पर हैं कईओ के ख़्वाब ही होते हैं। बैठे बिठाए नहीं मिलती मंजिल मेहनत करने वाले ही कामयाब होते हैं। उनके सपने सिर्फ सपने ही रहेंगे जो सपनों के नाम पर सोते हैं। »

Dreams

A Human Can’t fulfill his all Dreams. In his Life, He always have some Dreams. He work hard for fulfill these wishes. And he has succeed to fulfill his dreams But In Every Success, His wishes have also increased. If, a human will become Rich person of the world. Yet, his wishes will not finish. This is the truthiness of human life. »

भगवान तेरा शुक्र है

एक बार मैं गरीबी से तंग आकर ऐसा सोचने लगा कुछ नहीं दिया भगवान तूने मुझे ऐसा कहकर उसे कोसने लगा फिर दूसरी और नजर गुमाई मैने दो व्यक्तियो को देखा एक के पास आंखे नहीं थी और के पास टाँगे नहीं थी वह दर दर जाकर अपनी भूख के लिए रोटी माँग रहे थे कुछ तो दे दो कोई ऐसा वें पुकार रहे थे फिर मैंने अपने आप को क़िस्मत वाला पाया फिर मैं उस ख़ुदा का शुक्र करने लगा और अपनी बोली के लिए माफ़ी माँगने लगा »

ਉਹ ਦਿਨ

ਉਹ ਦਿਨ ਵੀ ਬੀਤ ਗਏ ਮੇਰੇ ਰੱਬਾ ਇਹ ਦਿਨ ਵੀ ਬੀਤ ਜਾਣਗੇ ਜਦ ਸਮਾਂ ਲੰਘ ਗਿਆ ਇਹ ਦਿਨ ਬੜੇ  ਯਾਦ ਆਉਣਗੇ ਸਭ ਦਾ ਰਲ ਮਿਲ ਕੇ ਰਹਿਣਾ ਸੱਚ ਆਖਾਂ ਇਕੱਠੇ ਬਹਿਣਾ ਚਿਹਰੇ ਦੀਆ ਮੁਸਕਰਾਹਟਾਂ ਸਭ ਦੀਆ ਉਹ ਚਾਹਤਾਂ ਕੁੱਝ ਪਲ ਲਈ ਇਕੱਠੇ ਹੋਏ ਮੇਰੇ ਰੱਬਾ, ਫਿਰ ਸਭ ਵਿੱਛੜ ਜਾਣਗੇ ਜਦ ਸਮਾਂ ਲੰਘ ਗਿਆ ਇਹ ਦਿਨ ਬੜੇ ਯਾਦ ਆਉਣਗੇ ਸਭ ਦਾ ਫਿਰ ਵੱਖ ਵੱਖ ਹੋਣਾ ਸੱਚ ਆਖਾਂ ਇਕੱਲੇ ਹੀ ਹੋਣਾ ਆਪਸੀ ਪ੍ਰੇਮ ਪਿਆਰ ਦਾ ਖੋਹਣਾ ਬਾਹਰੋਂ ਦਿਖਾਵਾ ਹੀ ਹੋਣਾ ਕੁੱਝ ਚਿਰ ਲਈ ਮਿਲੀਆਂ ਖ਼ੁਸ਼ੀਆਂ ਦੀਆ ਘੜੀਆਂ ਫਿਰ ਦੁੱਖ ਆ ਜਾਣਗੇ ... »

Living Together

All humans are part of one god. But still they fight among themselves. In the name of religion, Ever at the name of caste, At the name of the country. Why cannot we all live together? If we all live together then maybe there would be no country boundaries The country will not have to spend so much money for making weapons Then terrorism will end from the world. We all should learn to live together... »

अहंकार

देख रे खुदा यह बन्दा कितना मान करता है पल पल यह अपने ही अहंकार में मरता है मेरी वजह से हुआ यह काम ऐसे विचार रखता है क्या तेरी औकाद है रे क्या तू कर सकता है हर एक मनुष्य में वो खुदा ही काम करता है »

क्यों दर दर भटकता है तू

क्यों दर दर भटकता है तू अपनी मांगों के लिए क्यों रोज अड्डे बदलता है तू अपनी चाहतों के लिए क्यों तू उस इंसान के पास जाता है जो खुद अल्लाह के भिखारी है अरे ये तो बस एक व्यापार है असल में इनका हाथ भी खाली है »