Chavi Jain, Author at Saavan's Posts

रहस्यमय किताब

हर अच्छाई में एक बुराई छुपी होती हैं हर छाव के पीछे कई वो धुप छुपी होती हैं वेसे ही हर दिल में एक रहस्यमय किताब छुपी होती हैं ! »

खुश

ना किसी के इनतेज़ार मे ना किसी के इंतज़ार की पुकार में ना समुद्र के किनार पे ना जी में , ना हार में ना मंज़िल की आड़ में ना प्यार में , ना उसके इकरार में ना किसी के इनतेज़ार मे ना किसी के इंतज़ार की पुकार में ना समुद्र के किनार पे ना जी में , ना हार में ना मंज़िल की आड़ में ना प्यार में , ना उसके इकरार में खुश हो जाती हूँ केवल , कुछ “शब्दों” की तार में ! हो जाती हूँ केवल , कुछ “श... »

नया साल

वही सूरज वही चाँद हैं वही आकाश हैं , फिर क्या ही नया साल हैं जो दिन चाहू नया बना लू मेरे लिए वही अछूत काल हैं वही से नया साल हैं »

दुनियादारी

मुझे दुनिया से नहीं , इस दुनियादारी से डर लगता हैं ! »

इंतज़ार

ना मौत का ना मंज़िल का ना किसी के प्यार का मुझे इंतज़ार हैं तो केवल “इंतज़ार” का »

“हकीकत”

ना जाने लोग अपनी “मंज़िल” को सपना क्यों कहते हैं? मंज़िल तक जाना , उसे पाना सपना नहीं “हकीकत” बनाना चाहती हूँ ! »

एहसास

यह दिल एहसास से भरा हैं नफरतों और प्यार का घड़ा हैं कभी किसी से खुश हैं तो किसी से सड़ा हैं »

मैं

मुझे कहना हैं अभी वो शब्द जिसे कह कर मैं नि: शब्द हो जाऊ मुझे देना हैं अभी वो शब्द जिसे देकर मैं नि: शेष हो जाऊ मुझे रहना है अभी इस तरह के मैं , मैं रहू पर केवल  मैं न रह जाऊ »

गिरना

आसमान से धरती पर उस पानी का गिरना आशाएँ , उम्मीदें जगाकर उस टूटते तारे का गिरना लहराकर उचाई से उस झरने का गिरना न चाहते हुए भी किसी का प्यार में गिरना या फिर सालों पड़ी धुल का उस किताब से गिरना उठना तो हर कोई सरहाता हैं मेने सराहा हैं गिरना !! »

प्यार से प्यार !

मुझे केवल प्यार से प्यार हैं ना प्यार करने वालो से ; ना प्यार के लिए मजबूर करने वालो से बस मुझे प्यार से प्यार हैं ! »

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