Ashok, Author at Saavan's Posts

लौट आने दो उस हवा को

लौट आने दो उस हवा को गुनगुनाने दो उस हवा को वह आयी है गीत सुनाने थरथराने दो उस हवा को। अशोक बाबू माहौर »

स्वच्छ भारत

मिलकर साथ हाथ मिलायें खुद जागें और जगायें स्वच्छ भारत अभियान सफल बनायें। गली मोहल्ले गंद मुक्त हो सड़कें स्वच्छ चमके देहरी द्वार महक उठे ऐसा संघर्ष अभियान चलायें स्वच्छ भारत अभियान सफल बनायें। स्वच्छ हो कोना कोना मधुर लगे हर राह चलना रौनक हो भारत में आओ खुलकर साथ निभायें स्वच्छ भारत अभियान सफल बनायें। »

सवाल पूछा

संस्कार में दबे बच्चे से घूरते हुए अध्यापक ने सवाल पूछा, बेटा ये बताओ हम कौन? बच्चा मुस्कुराते बोला, अध्यापक जी आप गुरु हम शिष्य यानी गुरु धाम में हम पढ़ रहे आप पढ़ा रहे ‘हम कौन? हम कौन?’ अशोक बाबू माहौर »

पंछी

उडता पंछी नील गगन फैला विशाल हाथ। »