ज़िद्दी

ये दिल बहुत ज़िद्दी है मेरा!
मंज़िल-द़र-मंज़िल सफ़र करता है
ठिकाना नहीं कोई इसका,
ये सड़कों पर बसर करता है

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6 Comments

  1. ज्योति कुमार - September 7, 2018, 9:24 am

    Waah g

  2. Neelam Tyagi - September 8, 2018, 4:07 pm

    nice

  3. Abhilasha Shrivastava - September 8, 2018, 4:38 pm

    Thanks everyone

  4. Abhilasha Shrivastava - September 8, 2018, 4:39 pm

    Appreciation is motivation

  5. राही अंजाना - September 9, 2018, 12:45 pm

    Waah

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