वीर

छोड़कर घर अपना ,
सीने पर झेली गोली

बहा अपने लहू को ,
ली बचा मांगों की रोली

-विनीता श्रीवास्तव (नीरजा नीर)-

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3 Comments

  1. Arun - July 10, 2018, 11:54 pm

    Kya khoob likha hai

  2. Akanksha - July 22, 2018, 12:07 pm

    Waah

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