मैं ये नहीं कहता की तुम भला नहीं करते।

मैं ये नहीं कहता की तुम भला नहीं करते।
पर बेबसों को रौंदकर अच्छा नहीं करते।।

मदद कर दिया करो कभी बेबसों की भी।
खुद के लिए तो हम क्या क्या नहीं करते।।

सच्चे दोस्त जिंदगी में होना बहुत जरुरी हैं।
हमारी गलतियों पे वो वाह वाह नहीं करते।।
,
मौसम मिज़ाजी को फ़िक्र है मौसमो की भी।
हम बहते हुए दरिया कभी सूखा नहीं करते।।
,
आग के खेल का सुने ले असर क्या होता है।
घरौंदे जल जाते है परिंदे लौटा नहीं करते ।।
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2 Comments

  1. Panna - December 28, 2016, 5:02 pm

    behatreen…kya baat he

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