मुक्तक

अपनी यादों को मिटाना बहुत कठिन है।
अपने गम को भूल जाना बहुत कठिन है।
जब राहे-मयखानों पर चलते हैं कदम,
होश में लौट कर आना बहुत कठिन है।

मुक्तककार- #मिथिलेश_राय

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Lives in Varanasi, India

4 Comments

  1. राही अंजाना - June 21, 2018, 10:13 am

    वाह

  2. ज्योति कुमार - June 21, 2018, 10:17 am

    बहुत अच्छा

  3. Neha - June 22, 2018, 9:55 am

    Osm

  4. ashmita - June 22, 2018, 8:04 pm

    nice

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