मुक्तक

मुक्तक

कबतक तेरी याद में तड़पता मैं रहूँ?
कबतक तेरी चाह में तरसता मैं रहूँ?
डूबा हूँ मैं कबसे पैमानों में मगर,
कबतक तेरे दर्द से गुजरता मैं रहूँ?

मुक्तककार- #मिथिलेश_राय

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Lives in Varanasi, India

2 Comments

  1. Neetika sarsar - June 3, 2017, 2:57 pm

    very good

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