मुक्तक

दिल मे दर्द उतना ही रखना
जितना आँखों मे समां सके
क्योकि जो छलक गया वो
लोगो की हंसी का हो गया !
(निसार)


लगातार अपडेट रहने के लिए सावन से फ़ेसबुक, ट्विटर, इन्स्टाग्राम, पिन्टरेस्ट पर जुड़े| 
यदि आपको सावन पर किसी भी प्रकार की समस्या आती है तो हमें हमारे फ़ेसबुक पेज पर सूचित करें|
 

4 Comments

  1. Vipul Mishra - May 20, 2017, 12:22 pm

    हृदय स्पर्शी

  2. Lucky Nimesh - May 19, 2017, 7:52 pm

    Kya kah diya nice

Leave a Reply