मुक्तक

दिल मे दर्द उतना ही रखना
जितना आँखों मे समां सके
क्योकि जो छलक गया वो
लोगो की हंसी का हो गया !
(निसार)

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4 Comments

  1. Lucky - May 19, 2017, 7:52 pm

    Kya kah diya nice

  2. Vipul - May 20, 2017, 12:22 pm

    हृदय स्पर्शी

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