अब डूबने के डर से बेखौफ हो गया हूँ मैं

अब डूबने के डर से बेखौफ हो गया हूँ मैं,
लहरों से सीख़ आया हूँ वापस लौट के आने का हुनर।।
– राही (अंजाना)

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4 Comments

  1. Neha - May 31, 2018, 11:46 am

    Waah

  2. Mithilesh Rai - May 31, 2018, 3:06 pm

    बहुत खूब

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